जिस ऐतिहासिक अमेरिकी व्हाइट हॉउस में कदम रखने का सपना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी प्रधानमंत्री बनने से पहले देखते थे उस व्हाइट हॉउस में आग्मन का निमंत्रण सच में किसी बड़ी उपलब्धि से कम नही है और ये उपलब्धि फोर्ब्स की 30 अंडर 30 की सूची में शामिल हो चुके बिहार के 24 साल के सोशल एंटरप्रेन्योर शरद विवेक सागर को को मिली है।
अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा द्वारा व्हाइट हाउस में 3 ऑक्टूबर 2016 को पहली बार आयोजित होने जा रहे फेस्टिवल ऑफ़ आइडियाज़, आर्ट एवं एक्शन में डेक्सटेरिटी ग्लोबल के संस्थापक CEO शरद को वर्ल्ड के चुनिंदा प्रभावशाली सोशल एंटरप्रेन्योर और यूथ लिडर्स के साथ शरीक होने का न्योता आया है।
जानिए क्यों चर्चा में रहे हैं शरद...
- मई 2016 में टफ्ट्स यूनिवर्सिटी के स्नातक समारोह में भाषण देने वाले पहले भारतीय बने शरद आगे की पढ़ाई के लिए हॉर्वर्ड यूनिवर्सिटी के आमंत्रण को ठुकरा कर शिक्षा की अलख जगाने बिहार आ चुके हैं।
- डेक्सटेरिटी के डी2सी प्रोजेक्ट के जरिए बिहार के प्रतिभाशाली बच्चों को विश्वस्तरीय शिक्षण संस्थानों की प्रवेश परीक्षा की तैयारी कराने में जुटे शरद को बिहार आने के तीन महीने बाद व्हाइट हाउस से न्योता आया है।
- ओबामा ने व्हाइट हाउस में विश्व स्तर के युवा लीडर्स के लिए पहली बार विशेष सम्मेलन “साउथ बाय साउथ लॉन: व्हाइट हाउस फेस्टिवल ऑफ़ आइडियाज़, आर्ट एवं एक्शन” के आयोजन का फैसला लिया है।
- इस सम्मेलन में उद्यमिता एवं नवीनता से जुड़ी भावनाओं एवं विचारों के लिए युवा प्रतिभाओं को सराहा जाएगा।
- व्हाइट हाउस ने दुनिया भर के हज़ारों युवा लीडर्स में से चुनिंदा लोगों को आमंत्रण भेजा है।
- अब तक प्राप्त जानकारी के मुताबिक़ शरद एकमात्र भारतीय हैं, जिन्हें यह प्रतिष्ठित बुलावा आया है।
महज 16 साल में की थी डेक्सटेरिटी की स्थापना
- पटना के श्रीकृष्णापुरी निवासी बिमल कांत प्रसाद के पुत्र शरद महज 16 साल के थे, जब इन्होंने 2008 में डेक्सटेरिटी ग्लोबल की स्थापना की थी।
- डेक्सटेरिटी हर साल भारत एवं अन्य दक्षिण एशियाई देशों के 12 लाख बच्चों तक शिक्षा एवं अवसर पहुंचाने में कार्यरत है।
- जनवरी 2016 में शरद बिहार से पहले उद्यमी बने, जिन्हें फोर्ब्स के 30 अंडर 30 की सूची में शामिल किया गया।
- सबसे प्रभावी युवा उद्यमियों की सूची में भी शरद भारत में सबसे ऊपर हैं। 2013 में रॉकेफेलर फाउंडेशन की ‘100 नेक्स्ट सेंचुरी इनोवेटर्स’ की सूची में भी थे।
- कई यूएन पुरस्कार के विजेता शरद सबसे प्रसिद्ध विश्वविद्यालयों (हार्वर्ड, टफ्ट्स, आईआईएम, आईआईटी) में भाषण दे चुके हैं।
- उनके सारे सोशल मीडिया एकाउंट्स (फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम) पर वेरीफाई (ब्लू टिक) मिल चुका है।
क्या कहना है शरद का
डेक्सटेरिटी ग्लोबल के सीईओ शरद विवेक सागर का कहना है कि ओबामा जिस साल राष्ट्रपति चुने गए, उसी साल डेक्सटेरिटी की स्थापना हुई। उनका मुझपर काफी प्रभाव रहा है। यह मेरे लिए सम्मान की बात है कि मुझे व्हाइट हाउस में विशेष सभा के लिए निमंत्रण आया है।लेबल: जरा हट के, हिंदी समाचार, America, Bihar, Business, Patna, President, Youth