BEA द्वारा #Pitch4Bihar कार्यक्रम का आयोजन, विजताओं को पुरस्कृत किया गया

दिनांक 21 अक्टूबर 2016 को बिहार उद्यमिता संघ द्वारा पिच फॉर बिहार कार्यक्रम का आयोजन किया गया | कार्यक्रम का उद्घाटन माननीय उद्योग मंत्री श्री जय कुमार सिंह, मिथिलेश कुमार (आईएस), सचिव उद्योग विभाग श्री एस। सिधार्थ, बीईए के अध्यक्ष श्री कौशलेन्द्र एवं बीईए के सचिव श्री अभिषेक सिंह, इजरायल से आई अशोका फाउंडेशन की तमर आलमोग, आस्ट्रेलिया से आये गर्थ हेलोवे ने दीप प्रज्वलन करके किया |

कार्यक्रम में 200 से अधिक युवा उद्यमियों ने भाग लिया | कुल 600 प्रतिभागियों ने पिच फॉर बिहार के लिए आवेदन किया था, जिसमे से 20 प्रतिभागियों को चुना गया था जिन्हें 5 मिनट में अपना व्यापार योजना या मोबाइल एप्प पिच करना था | सभी प्रतियोगियों ने अपना व्यापार योजना पिच किया | 20 प्रतियोगियों में से कुल 6 प्रतियोगियों को 2 लाख का पुरस्कार दिया गया |

6 विजेताओं को सहकारिता मंत्री श्री अलोक मेहता ने 2 लाख का चेक देकर पुरस्कृत किया |

व्यापार योजना के विजताओं के नाम- अमृता तिवारी (प्रथम पुरस्कार), दिव्य (द्वितीय पुरस्कार) नीरज कुमार (तृतीय पुरस्कार),

मोबाइल एप्प के विजेताओ के नाम- मृत्युंजय कुमार (प्रथम पुरस्कार), निखिल कुमार (द्वितीय पुरस्कार), भास्कर कुमार (तृतीय पुरस्कार)

इस मौके पर माननीय उद्योग मंत्री श्री जय कुमार सिंह ने कहा- बिहार अपने 8 करोड़ युवा के चलते ही बढेगा, उद्नकी सोच से बढेगा, उनकी इनोवेशननयी खोज से बढेगा।

बिहार सरकार स्टार्टअप पालिसी बनाकर अपने युवाओं को देश में सबसे आगे ले जा रही है, हम स्टार्टअप पालिसी बनाने में काफी राज्यों से आगे हैं, पालिसी बनाना और उसको लाभार्थी के उपयोग में लाना अलग अलग चीज हैं।

हमने पालिसी बनाया है, और बहुत जल्द उसको उपयोग में लाने की प्रक्रिया में है। एक एक युवा को पूरी पारदर्शिता से, देश के बड़े बड़े वेशेषज्ञों, को इस पालिसी के सिस्टम से जोरने का काम हम कर रहे हैं,

जब भारत सरकार ने स्टार्टअप का शब्द भी नहीं लाया था, तब 2014 में हमने स्टार्टअप यात्रा की शुरुआत की, स्टार्टअप शुरू करने का नारा हर जिले में लगाना शुरू किया। उसके बाद 2 इन्क्यूबेशन सेंटर शुरू किया, आज 500 करोड़ का फण्ड बनाया है, जो अच्छे और उद्योग सम्बंधित आइडियाज को मिलेगा। अब शुरुआती फण्ड की दिक्कत नहीं रहेगी।

कोई भी युवा, कही से भी आईडिया दे, वो ऑनलाइन अपना फॉर्म भरेगा उसको एक्सपर्ट लोग देखेंगे, अपनी राय देंगे और अगर इन्क्यूबेशन की जरुरत है तो इन्क्यूबेशन सेंटर भेजा जायेगा, अगर सीड फण्ड की जरुरत है तो सीड फण्ड दिया जायेगा, जैसा एक्सपर्ट अपनी राय रखेंगे।

अलग अलग जगहों से आये हुए युवा जो अपने आईडिया पिच 4 बिहार में दिए हैं, उनके आइडियाज को बिया और Enterprsing जोन ईज़ी एक अंजाम तक पहुचाने की कोशिश कर रही, उनको 2 लाख पुरस्कार राशि और 10 लाख के अन्य पुरस्कार, ये एक साहसिक कदम है।

इस मौके पर माननीय सहकारिता मंत्री श्री अलोक मेहता ने कहा- बीईए के इस प्रयास की जितनी ज्यादा तारीफ किया जाय वो कम है, इस तरह का कार्यक्रम बिहार में उद्यमिता का माहौल बनाता है | ज्यादा से ज्यादा लोग आईडिया सोचेंगे और सोचेंगे की बिहार में अपने आइडियाज को कैसे जमीन पर लाया जाये।

आज के स्टार्टअप:
महिलाओं का जो रुझान स्टार्टअप की तरफ बढ़ रहा है, वो काफी उम्मीद बढाने वाला है, चाहे वो ऑनलाइन ब्यूटी पार्लर हो, या ऑनलाइन बुटीक, इतने सारे नए आइडियाज पर काम महिला उद्यमी कर रही हैं।

एक लैपटॉप पर भी अब करोरों का टर्नओवर वाला बिज़नस बैठाया जा सकता है, जरुरत है बस एक सोच की और सोच के पीछे सही जूनून की। बाकी इन्क्यूबेशन और सीड फण्ड हम दे रहे हैं।

बिहारी अगर नौकरी में सबसे जयादा तरक्की कर सकते हैं तो नयी सोच में भी आगे निकल सकते हैं। यहाँ पे बैठे आइडियाज के विशेषज्ञ एवं जज भी उनकी मदद को बहार से आये हैं।

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