बिहार में 10 जनवरी तक प्रशासनिक अधिकारियों के तबादले पर लगी रोक, ये है कारण...

बिहार में अधिकारियों के तबादले पर अगली दस जनवरी तक रोक लगा दी गई है। यह रोक राज्य में मतदाता सूची पुनरीक्षण को लेकर की जा रही कवायद के मद्देनजर की गई है। राज्य चुनाव आयोग के निर्देश के कारण अब उन अधिकारियों का भी तबादला नहीं होगा जो एक जगह पदस्थापन के लिए निर्धारित तीन साल की सेवा अवधि पूरी कर चुके हैं।

जिन पदाधिकारियों के तबादलों पर रोक लगी है उनमें प्रमंडलीय आयुक्त, जिलाधिकारी, अनुमंडलाधिकारी (एसडीओ) और प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) शामिल होंगे। मतदाता सूची का पुनरीक्षण चुनाव आयोग के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण काम है जिसे लेकर चुनाव आयोग ने यह आदेश जारी किया है। यह आदेश तत्काल प्रभावी हो गया है।

दरअसल बिहार में शनिवार से वोटर लिस्ट के पुनर्निरीक्षण का काम शुरू हो गया है। मतदाता सूची का पुनरीक्षण हर साल किया जाता है। इसमें एक जनवरी को अठारह साल की आयु पूरा करने वाले वोटरों का नाम जोड़ने से लेकर नई जगह बसे लोगों के नाम वहां की मतदाता सूची में शामिल किेए जाते हैं। साथ दी इस दौरान दिवंगत हुए, कहीं और जा बसे या नौकरी के सिलसिले में अन्यत्र चले गए लोगों के नाम को सूची से हटाया जाता है।

इस दायित्व के निर्वहन में इन अधिकारियों की सीधी भागीदारी को देखते हुए चुनाव आयोग के निर्देश पर तबादलो पर रोक लगाई गई है। दस जनवरी के बाद एेसे अधिकारियों के तबादले हो सकेंगे।

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